गौरी पंचांगम · वाराणसी
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 202606:0417:19
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:04
- सुगम्शुभ06:04 –07:29
- सोरम्अशुभ07:29 –08:53
- उथिशुभ08:53 –10:17
- विषम्अशुभ10:17 –11:42राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ11:42 –13:06
- रोगम्अनिष्ट13:06 –14:30
- लाभम्लाभ14:30 –15:54
- धनम्धन15:54 –17:19
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:19
- रोगम्अनिष्ट17:19 –18:55
- लाभम्लाभ18:55 –20:30
- धनम्धन20:30 –22:06
- सुगम्शुभ22:06 –23:42
- सोरम्अशुभ23:42 –01:18, 31 अक्टू॰
- उथिशुभ01:18, 31 अक्टू॰ –02:53, 31 अक्टू॰
- विषम्अशुभ02:53, 31 अक्टू॰ –04:29, 31 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ04:29, 31 अक्टू॰ –06:05, 31 अक्टू॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 30 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:04, सूर्यास्त 17:19।