गौरी पंचांगम · जयपुर
गुरुवार, 31 अक्टूबर 202406:3617:44
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:36
- धनम्धन06:36 –08:00
- सुगम्शुभ08:00 –09:23
- सोरम्अशुभ09:23 –10:47
- उथिशुभ10:47 –12:10
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:10 –13:34
- विषम्अशुभ13:34 –14:57राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट14:57 –16:21
- लाभम्लाभ16:21 –17:44
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:44
- अमिर्दाश्रेष्ठ17:44 –19:21
- विषम्अशुभ19:21 –20:58
- रोगम्अनिष्ट20:58 –22:34
- लाभम्लाभ22:34 –00:11, 1 नव॰
- धनम्धन00:11, 1 नव॰ –01:47, 1 नव॰
- सुगम्शुभ01:47, 1 नव॰ –03:24, 1 नव॰
- सोरम्अशुभ03:24, 1 नव॰ –05:00, 1 नव॰
- उथिशुभ05:00, 1 नव॰ –06:37, 1 नव॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 31 अक्टूबर 2024 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:36, सूर्यास्त 17:44।