गौरी पंचांगम · हरिद्वार
शनिवार, 31 अक्टूबर 202606:3017:31
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:30
- सोरम्अशुभ06:30 –07:53
- उथिशुभ07:53 –09:15
- विषम्अशुभ09:15 –10:38राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ10:38 –12:01
- रोगम्अनिष्ट12:01 –13:23
- लाभम्लाभ13:23 –14:46
- धनम्धन14:46 –16:09
- सुगम्शुभ16:09 –17:31
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:31
- लाभम्लाभ17:31 –19:09
- धनम्धन19:09 –20:46
- सुगम्शुभ20:46 –22:24
- सोरम्अशुभ22:24 –00:01, 1 नव॰
- उथिशुभ00:01, 1 नव॰ –01:39, 1 नव॰
- विषम्अशुभ01:39, 1 नव॰ –03:16, 1 नव॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:16, 1 नव॰ –04:53, 1 नव॰
- सोरम्अशुभ04:53, 1 नव॰ –06:31, 1 नव॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 31 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:30, सूर्यास्त 17:31।