चौघड़िया · तिरुपति

सोमवार, 5 जून 202805:4418:38

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

अमृत05:44 –07:21शुभ08:57 –10:34अमृत17:01 –18:38शुभ01:34, 6 जून –02:57, 6 जूनअमृत02:57, 6 जून –04:21, 6 जून
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 05:44
  • अमृतश्रेष्ठ05:44 –07:21
  • कालहानि07:21 –08:57काल वेलाराहुकाल
  • शुभशुभ08:57 –10:34
  • रोगअनिष्ट10:34 –12:11
  • उद्वेगअशुभ12:11 –13:48
  • चरसम13:48 –15:24
  • लाभलाभ15:24 –17:01वार वेला
  • अमृतश्रेष्ठ17:01 –18:38
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 18:38
  • चरसम18:38 –20:01
  • रोगअनिष्ट20:01 –21:24
  • कालहानि21:24 –22:48
  • लाभलाभ22:48 –00:11, 6 जूनकाल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ00:11, 6 जून –01:34, 6 जून
  • शुभशुभ01:34, 6 जून –02:57, 6 जून
  • अमृतश्रेष्ठ02:57, 6 जून –04:21, 6 जून
  • चरसम04:21, 6 जून –05:44, 6 जून
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

तिरुपति के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

तिरुपति में 5 जून 2028 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 05:44 से दिन के चौघड़िया: अमृत, काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चर, लाभ, अमृत। शुभ: अमृत 05:44–07:21, शुभ 08:57–10:34, अमृत 17:01–18:38। राहुकाल 07:21–08:57।

चौघड़िया — अन्य शहर