पंचांग · बुधवार, 4 अगस्त 2027वाराणसी

श्रावण · शुक्ल द्वितीया · विक्रम संवत 2084हरियाली तीज

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:26सूर्योदय18:42सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल द्वितीया
शुक्ल · 08:20 तक
नक्षत्र
मघा
11:36 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:2618:42
बुधवार · बुध
राहु काल
12:04 –13:44
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:26दिन18:42
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गंड मूल
राहु काल
यमगंड
गुलिक काल
दुर्मुहूर्त
06:0008:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:42रात05:27
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल द्वितीया
    08:20 तक
  2. शुक्ल तृतीया
    05:09, 5 अग॰ तक
  3. शुक्ल चतुर्थी
    02:27, 6 अग॰ तक
नक्षत्र
  1. मघास्वामी केतु
    11:36 तक
  2. पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र
    09:19, 5 अग॰ तक
योग
  1. वरीयान्
    10:27 तक
  2. परिघ
    06:48, 5 अग॰ तक
करण
  1. कौलव
    08:20 तक
  2. तैतिल
    18:41 तक
  3. गर
    05:09, 5 अग॰ तक
  4. वणिज
    15:44, 5 अग॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:26
बिंब मध्य 05:30
सूर्यास्त
18:42
बिंब मध्य 18:37
चंद्रोदय
07:18
चंद्रास्त
20:06
दिनमान
13h 16m
वार
बुधवार · बुध
चंद्र राशि
सिंह
14:49, 5 अग॰ तक
सूर्य राशि
कर्क

चांद्र पंचांग

अमांत मास
श्रावण
पूर्णिमांत मास
श्रावण
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:01 –04:43
  • प्रातः संध्या04:22 –05:26
  • अभिजित मुहूर्त11:38 –12:31
  • विजय मुहूर्त14:17 –15:10
  • गोधूलि मुहूर्त18:42 –19:03
  • सायाह्न संध्या18:42 –19:46
  • निशीथ मुहूर्त23:43 –00:26, 5 अग॰
  • अमृत काल09:28 –10:53
  • अमृत काल03:31 –04:58, 5 अग॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल12:04 –13:44
  • यमगंड07:06 –08:45
  • गुलिक काल10:25 –12:04
  • दुर्मुहूर्त11:38 –12:31
  • वर्ज्य18:50 –20:17
  • गंड मूल05:26 –11:36

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • लाभ05:26 – 07:06
  • अमृत07:06 – 08:45
  • काल08:45 – 10:25
  • शुभ10:25 – 12:04
  • रोग12:04 – 13:44
  • उद्वेग13:44 – 15:23
  • चर15:23 – 17:02
  • लाभ17:02 – 18:42
रात
  • उद्वेग18:42 – 20:02
  • शुभ20:02 – 21:23
  • अमृत21:23 – 22:44
  • चर22:44 – 00:04
  • रोग00:04 – 01:25
  • काल01:25 – 02:46
  • लाभ02:46 – 04:06
  • उद्वेग04:06 – 05:27

होरा

दिन
  • बुध05:26–06:33
  • चन्द्र06:33–07:39
  • शनि07:39–08:45
  • गुरु08:45–09:52
  • मंगल09:52–10:58
  • सूर्य10:58–12:04
  • शुक्र12:04–13:10
  • बुध13:10–14:17
  • चन्द्र14:17–15:23
  • शनि15:23–16:29
  • गुरु16:29–17:36
  • मंगल17:36–18:42
रात
  • सूर्य18:42–19:36
  • शुक्र19:36–20:29
  • बुध20:29–21:23
  • चन्द्र21:23–22:17
  • शनि22:17–23:11
  • गुरु23:11–00:04
  • मंगल00:04–00:58
  • सूर्य00:58–01:52
  • शुक्र01:52–02:46
  • बुध02:46–03:39
  • चन्द्र03:39–04:33
  • शनि04:33–05:27

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • मघा 3 पद06:14 तक
  • मघा 4 पद11:36 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 1 पद16:59 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 2 पद22:24 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 3 पद03:50, 5 अग॰ तक
  • पूर्व फाल्गुनी 4 पद09:19, 5 अग॰ तक
सूर्य नक्षत्र
अश्लेषा 1 पद
ऋतु (दृक्)
वर्षा
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
13h 16m
रात्रिमान
10h 45m
मध्याह्न
12:04

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
सिंह · अगले सूर्योदय तक
मिथुनसिंहतुलावृश्चिककुम्भमीन
मकर राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
मघा · 11:36 तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती
पूर्व फाल्गुनी · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
चंद्र वास
पूर्व
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 08:20 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:09, 5 अग॰ तकआकाश
शिववास
गौरी के साथ · 08:20 तकसभा में · 05:09, 5 अग॰ तकक्रीड़ा में
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक05:26 –06:28
  • शुभ मुहूर्त06:28 –08:20
  • राज पंचक08:20 –08:42
  • शुभ मुहूर्त08:42 –10:55
  • चोर पंचक10:55 –11:36
  • शुभ मुहूर्त11:36 –13:12
  • रोग पंचक13:12 –15:29
  • शुभ मुहूर्त15:29 –17:33
  • मृत्यु पंचक17:33 –19:18
  • अग्नि पंचक19:18 –20:49
  • शुभ मुहूर्त20:49 –22:17
  • मृत्यु पंचक22:17 –23:56
  • अग्नि पंचक23:56 –01:53, 5 अग॰
  • शुभ मुहूर्त01:53 –04:07, 5 अग॰
  • राज पंचक04:07 –05:09, 5 अग॰
  • शुभ मुहूर्त05:09 –05:27, 5 अग॰

उदय लग्न

  • कर्क04:11 –06:28
  • सिंह06:28 –08:42
  • कन्या08:42 –10:55
  • तुला10:55 –13:12
  • वृश्चिक13:12 –15:29
  • धनु15:29 –17:33
  • मकर17:33 –19:18
  • कुम्भ19:18 –20:49
  • मीन20:49 –22:17
  • मेष22:17 –23:56
  • वृषभ23:56 –01:53, 5 अग॰
  • मिथुन01:53 –04:07, 5 अग॰
  • कर्क04:07 –06:24, 5 अग॰

पंचांग · वाराणसी, 4 अगस्त 2027

बुधवार, 4 अगस्त 2027 को वाराणसी में सूर्योदय 05:26 और सूर्यास्त 18:42 पर है। तिथि शुक्ल द्वितीया 08:20 तक, फिर शुक्ल तृतीया; नक्षत्र मघा 11:36 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी; योग वरीयान् 10:27 तक, फिर परिघ; करण कौलव 08:20 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 12:04–13:44, अभिजित मुहूर्त 11:38–12:31। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।

इस दिन के बारे में प्रश्न

वाराणसी में 4 अगस्त 2027 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल द्वितीया 08:20 तक, फिर शुक्ल तृतीया (सूर्योदय 05:26, वाराणसी)।

4 अगस्त 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

मघा 11:36 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 5 अगस्त 14:49 तक।

वाराणसी में 4 अगस्त 2027 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 12:04–13:44, यमगण्ड 07:06–08:45, गुलिक काल 10:25–12:04।

वाराणसी में 4 अगस्त 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:26, सूर्यास्त 18:42, चंद्रोदय 07:18 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 अगस्त 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:38–12:31, ब्रह्म मुहूर्त 04:01–04:43। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

4 अगस्त 2027 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

हरियाली तीज।

वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2425° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP