पंचांग · गुरुवार, 4 अक्टूबर 2040नई दिल्ली

भाद्रपद · कृष्ण त्रयोदशी · विक्रम संवत 2097

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:16सूर्योदय18:03सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण त्रयोदशी
कृष्ण · 09:43 तक
नक्षत्र
पूर्व फाल्गुनी
16:31 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1618:03
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:38 –15:06
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:16दिन18:03
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:03रात06:16
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
भद्रा
वर्ज्य
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण त्रयोदशी
    09:43 तक
  2. कृष्ण चतुर्दशी
    10:34, 5 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र
    16:31 तक
  2. उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य
    17:50, 5 अक्टू॰ तक
योग
  1. शुक्ल
    03:01, 5 अक्टू॰ तक
  2. ब्रह्मा
    02:20, 6 अक्टू॰ तक
करण
  1. वणिज
    09:43 तक
  2. विष्टि
    22:12 तक
  3. शकुनि
    10:34, 5 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:16
बिंब मध्य 06:19
सूर्यास्त
18:03
बिंब मध्य 17:59
चंद्रोदय
04:16
चंद्रास्त
17:18
दिनमान
11h 47m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
सिंह
22:53 तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
भाद्रपद
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2097
शक संवत
1962

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:38 –05:27
  • प्रातः संध्या05:03 –06:16
  • अभिजित मुहूर्त11:46 –12:33
  • विजय मुहूर्त14:07 –14:55
  • गोधूलि मुहूर्त18:03 –18:28
  • सायाह्न संध्या18:03 –19:17
  • निशीथ मुहूर्त23:45 –00:34, 5 अक्टू॰
  • अमृत काल09:38 –11:21
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:38 –15:06
  • यमगंड06:16 –07:44
  • गुलिक काल09:13 –10:41
  • दुर्मुहूर्त10:12 –10:59
  • दुर्मुहूर्त14:55 –15:42
  • वर्ज्य00:07 –01:48, 5 अक्टू॰
  • भद्रा09:43 –22:12

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभ06:16 – 07:44
  • रोग07:44 – 09:13
  • उद्वेग09:13 – 10:41
  • चर10:41 – 12:10
  • लाभ12:10 – 13:38
  • अमृत13:38 – 15:06
  • काल15:06 – 16:35
  • शुभ16:35 – 18:03
रात
  • अमृत18:03 – 19:35
  • चर19:35 – 21:07
  • रोग21:07 – 22:38
  • काल22:38 – 00:10
  • लाभ00:10 – 01:41
  • उद्वेग01:41 – 03:13
  • शुभ03:13 – 04:45
  • अमृत04:45 – 06:16

होरा

दिन
  • गुरु06:16–07:15
  • मंगल07:15–08:14
  • सूर्य08:14–09:13
  • शुक्र09:13–10:12
  • बुध10:12–11:11
  • चन्द्र11:11–12:10
  • शनि12:10–13:08
  • गुरु13:08–14:07
  • मंगल14:07–15:06
  • सूर्य15:06–16:05
  • शुक्र16:05–17:04
  • बुध17:04–18:03
रात
  • चन्द्र18:03–19:04
  • शनि19:04–20:05
  • गुरु20:05–21:07
  • मंगल21:07–22:08
  • सूर्य22:08–23:09
  • शुक्र23:09–00:10
  • बुध00:10–01:11
  • चन्द्र01:11–02:12
  • शनि02:12–03:13
  • गुरु03:13–04:14
  • मंगल04:14–05:15
  • सूर्य05:15–06:16

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पूर्व फाल्गुनी 3 पद10:07 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 4 पद16:31 तक
  • उत्तर फाल्गुनी 1 पद22:53 तक
  • उत्तर फाल्गुनी 2 पद05:14, 5 अक्टू॰ तक
  • उत्तर फाल्गुनी 3 पद11:33, 5 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
हस्त 3 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 47m
रात्रिमान
12h 13m
मध्याह्न
12:10

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
सिंह · 22:53 तक
मिथुनसिंहतुलावृश्चिककुम्भमीन
मकर राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कन्या · अगले सूर्योदय तक
मेषकर्ककन्यावृश्चिकधनुमीन
कुम्भ राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पूर्व फाल्गुनी · 16:31 तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
उत्तर फाल्गुनी · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीमृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
पूर्व · 22:53 तकदक्षिण
अग्निवास
पाताल · 09:43 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
भोजन में · 09:43 तकश्मशान में
होमाहुति
केतु

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:16 –07:19
  • चोर पंचक07:19 –09:38
  • शुभ मुहूर्त09:38 –09:43
  • रोग पंचक09:43 –11:57
  • शुभ मुहूर्त11:57 –14:00
  • मृत्यु पंचक14:00 –15:43
  • अग्नि पंचक15:43 –16:31
  • शुभ मुहूर्त16:31 –17:10
  • राज पंचक17:10 –18:35
  • अग्नि पंचक18:35 –20:10
  • शुभ मुहूर्त20:10 –22:06
  • राज पंचक22:06 –00:21, 5 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त00:21 –02:41, 5 अक्टू॰
  • चोर पंचक02:41 –04:58, 5 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त04:58 –06:16, 5 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या05:02 –07:19
  • तुला07:19 –09:38
  • वृश्चिक09:38 –11:57
  • धनु11:57 –14:00
  • मकर14:00 –15:43
  • कुम्भ15:43 –17:10
  • मीन17:10 –18:35
  • मेष18:35 –20:10
  • वृषभ20:10 –22:06
  • मिथुन22:06 –00:21, 5 अक्टू॰
  • कर्क00:21 –02:41, 5 अक्टू॰
  • सिंह02:41 –04:58, 5 अक्टू॰
  • कन्या04:58 –07:15, 5 अक्टू॰

पंचांग · नई दिल्ली, 4 अक्टूबर 2040

गुरुवार, 4 अक्टूबर 2040 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:16 और सूर्यास्त 18:03 पर है। तिथि कृष्ण त्रयोदशी 09:43 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी; नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी 16:31 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी; योग शुक्ल 5 अक्टूबर 03:01 तक, फिर ब्रह्मा; करण वणिज 09:43 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 13:38–15:06, अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2097, शक संवत 1962।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2040 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण त्रयोदशी 09:43 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी (सूर्योदय 06:16, नई दिल्ली)।

4 अक्टूबर 2040 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्व फाल्गुनी 16:31 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 22:53 तक।

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2040 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:38–15:06, यमगण्ड 06:16–07:44, गुलिक काल 09:13–10:41।

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2040 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:16, सूर्यास्त 18:03, चंद्रोदय 04:16 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 अक्टूबर 2040 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33, ब्रह्म मुहूर्त 04:38–05:27। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2040आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2040मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.4265° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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