पंचांग · शुक्रवार, 4 अगस्त 2034नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण चतुर्थी07:13 तक
- कृष्ण पंचमी05:28, 5 अग॰ तक
- कृष्ण षष्ठी03:32, 6 अग॰ तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि02:36, 5 अग॰ तक
- रेवतीस्वामी बुध01:27, 6 अग॰ तक
- सुकर्मा00:05, 5 अग॰ तक
- धृति21:30, 5 अग॰ तक
- बालव07:13 तक
- कौलव18:22 तक
- तैतिल05:28, 5 अग॰ तक
- गर16:31, 5 अग॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:44बिंब मध्य 05:48
- सूर्यास्त
- 19:10बिंब मध्य 19:05
- चंद्रोदय
- 21:56
- चंद्रास्त
- 09:34
- दिनमान
- 13h 26m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- मीन01:27, 6 अग॰ तक
- सूर्य राशि
- कर्क
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आषाढ़
- पूर्णिमांत मास
- श्रावण
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- ग्रीष्म
- विक्रम संवत
- 2091
- शक संवत
- 1956
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:20 –05:02
- प्रातः संध्या04:41 –05:44
- अभिजित मुहूर्त12:00 –12:54
- विजय मुहूर्त14:41 –15:35
- गोधूलि मुहूर्त19:10 –19:31
- सायाह्न संध्या19:10 –20:13
- निशीथ मुहूर्त00:06 –00:49, 5 अग॰
- अमृत काल21:59 –23:31
- राहु काल10:46 –12:27
- यमगंड15:49 –17:29
- गुलिक काल07:25 –09:06
- दुर्मुहूर्त08:25 –09:19
- दुर्मुहूर्त12:54 –13:48
- वर्ज्य12:46 –14:18
- गंड मूल02:36 –05:45, 5 अग॰
चौघड़िया
- चरसम05:44 – 07:25
- लाभलाभ07:25 – 09:06
- अमृतश्रेष्ठ09:06 – 10:46
- कालहानि10:46 – 12:27
- शुभशुभ12:27 – 14:08
- रोगअनिष्ट14:08 – 15:49
- उद्वेगअशुभ15:49 – 17:29
- चरसम17:29 – 19:10
- रोगअनिष्ट19:10 – 20:29
- कालहानि20:29 – 21:49
- लाभलाभ21:49 – 23:08
- उद्वेगअशुभ23:08 – 00:27
- शुभशुभ00:27 – 01:47
- अमृतश्रेष्ठ01:47 – 03:06
- चरसम03:06 – 04:25
- रोगअनिष्ट04:25 – 05:45
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 05:44–06:51 |
| बुध | 06:51–07:59 |
| चन्द्र | 07:59–09:06 |
| शनि | 09:06–10:13 |
| गुरु | 10:13–11:20 |
| मंगल | 11:20–12:27 |
| सूर्य | 12:27–13:34 |
| शुक्र | 13:34–14:41 |
| बुध | 14:41–15:49 |
| चन्द्र | 15:49–16:56 |
| शनि | 16:56–18:03 |
| गुरु | 18:03–19:10 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 19:10–20:03 |
| सूर्य | 20:03–20:56 |
| शुक्र | 20:56–21:49 |
| बुध | 21:49–22:42 |
| चन्द्र | 22:42–23:35 |
| शनि | 23:35–00:27 |
| गुरु | 00:27–01:20 |
| मंगल | 01:20–02:13 |
| सूर्य | 02:13–03:06 |
| शुक्र | 03:06–03:59 |
| बुध | 03:59–04:52 |
| चन्द्र | 04:52–05:45 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तरभाद्रपद 1 पद09:19 तक
- उत्तरभाद्रपद 2 पद15:06 तक
- उत्तरभाद्रपद 3 पद20:51 तक
- उत्तरभाद्रपद 4 पद02:36, 5 अग॰ तक
- रेवती 1 पद08:19, 5 अग॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्लेषा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- वर्षा
- ऋतु (वैदिक)
- ग्रीष्म
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 13h 26m
- रात्रिमान
- 10h 35m
- मध्याह्न
- 12:27
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 07:13 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:28, 5 अग॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- कैलाश पर · 07:13 तकनंदी पर · 05:28, 5 अग॰ तकभोजन में
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक05:44 –06:47
- अग्नि पंचक06:47 –07:13
- शुभ मुहूर्त07:13 –09:04
- राज पंचक09:04 –11:20
- शुभ मुहूर्त11:20 –13:40
- चोर पंचक13:40 –15:58
- शुभ मुहूर्त15:58 –18:02
- रोग पंचक18:02 –19:44
- शुभ मुहूर्त19:44 –21:12
- मृत्यु पंचक21:12 –22:37
- रोग पंचक22:37 –00:12, 5 अग॰
- शुभ मुहूर्त00:12 –02:08, 5 अग॰
- मृत्यु पंचक02:08 –02:36, 5 अग॰
- अग्नि पंचक02:36 –04:22, 5 अग॰
- शुभ मुहूर्त04:22 –05:28, 5 अग॰
- राज पंचक05:28 –05:45, 5 अग॰
उदय लग्न
- कर्क04:26 –06:47
- सिंह06:47 –09:04
- कन्या09:04 –11:20
- तुला11:20 –13:40
- वृश्चिक13:40 –15:58
- धनु15:58 –18:02
- मकर18:02 –19:44
- कुम्भ19:44 –21:12
- मीन21:12 –22:37
- मेष22:37 –00:12, 5 अग॰
- वृषभ00:12 –02:08, 5 अग॰
- मिथुन02:08 –04:22, 5 अग॰
- कर्क04:22 –06:43, 5 अग॰
पंचांग · नई दिल्ली, 4 अगस्त 2034
शुक्रवार, 4 अगस्त 2034 को नई दिल्ली में सूर्योदय 05:44 और सूर्यास्त 19:10 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्थी 07:13 तक, फिर कृष्ण पंचमी; नक्षत्र उत्तरभाद्रपद 5 अगस्त 02:36 तक, फिर रेवती; योग सुकर्मा 5 अगस्त 00:05 तक, फिर धृति; करण बालव 07:13 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 10:46–12:27, अभिजित मुहूर्त 12:00–12:54। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / आषाढ़ (अमांत), विक्रम संवत 2091, शक संवत 1956।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 4 अगस्त 2034 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण चतुर्थी 07:13 तक, फिर कृष्ण पंचमी (सूर्योदय 05:44, नई दिल्ली)।
4 अगस्त 2034 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तरभाद्रपद 5 अगस्त 02:36 तक, फिर रेवती। चंद्रमा मीन राशि में 6 अगस्त 01:27 तक।
नई दिल्ली में 4 अगस्त 2034 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:46–12:27, यमगण्ड 15:49–17:29, गुलिक काल 07:25–09:06।
नई दिल्ली में 4 अगस्त 2034 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:44, सूर्यास्त 19:10, चंद्रोदय 21:56 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अगस्त 2034 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:00–12:54, ब्रह्म मुहूर्त 04:20–05:02। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2034आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2034मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3403° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP