पंचांग · मंगलवार, 4 अक्टूबर 2033नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल दशमी07:55 तक
- शुक्ल एकादशी05:47, 5 अक्टू॰ तक
- शुक्ल द्वादशी03:02, 6 अक्टू॰ तक
- श्रवणस्वामी चन्द्र18:58 तक
- धनिष्ठास्वामी मंगल17:15, 5 अक्टू॰ तक
- सुकर्मा07:18 तक
- धृति04:27, 5 अक्टू॰ तक
- शूल01:06, 6 अक्टू॰ तक
- गर07:55 तक
- वणिज18:56 तक
- विष्टि05:47, 5 अक्टू॰ तक
- बव16:29, 5 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:16बिंब मध्य 06:19
- सूर्यास्त
- 18:04बिंब मध्य 17:59
- चंद्रोदय
- 15:00
- चंद्रास्त
- 01:33
- दिनमान
- 11h 48m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- मकर06:11, 5 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2090
- शक संवत
- 1955
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:38 –05:27
- प्रातः संध्या05:03 –06:16
- अभिजित मुहूर्त11:46 –12:33
- विजय मुहूर्त14:08 –14:55
- गोधूलि मुहूर्त18:04 –18:28
- सायाह्न संध्या18:04 –19:17
- निशीथ मुहूर्त23:45 –00:34, 5 अक्टू॰
- अमृत काल09:02 –10:34
- राहु काल15:07 –16:35
- यमगंड09:13 –10:41
- गुलिक काल12:10 –13:38
- दुर्मुहूर्त08:37 –09:24
- दुर्मुहूर्त22:57 –23:45
- वर्ज्य22:41 –00:10, 5 अक्टू॰
- भद्रा18:56 –05:47, 5 अक्टू॰
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट06:16 – 07:44
- उद्वेगअशुभ07:44 – 09:13
- चरसम09:13 – 10:41
- लाभलाभ10:41 – 12:10
- अमृतश्रेष्ठ12:10 – 13:38
- कालहानि13:38 – 15:07
- शुभशुभ15:07 – 16:35
- रोगअनिष्ट16:35 – 18:04
- कालहानि18:04 – 19:35
- लाभलाभ19:35 – 21:07
- उद्वेगअशुभ21:07 – 22:38
- शुभशुभ22:38 – 00:10
- अमृतश्रेष्ठ00:10 – 01:42
- चरसम01:42 – 03:13
- रोगअनिष्ट03:13 – 04:45
- कालहानि04:45 – 06:16
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 06:16–07:15 |
| सूर्य | 07:15–08:14 |
| शुक्र | 08:14–09:13 |
| बुध | 09:13–10:12 |
| चन्द्र | 10:12–11:11 |
| शनि | 11:11–12:10 |
| गुरु | 12:10–13:09 |
| मंगल | 13:09–14:08 |
| सूर्य | 14:08–15:07 |
| शुक्र | 15:07–16:06 |
| बुध | 16:06–17:05 |
| चन्द्र | 17:05–18:04 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:04–19:05 |
| गुरु | 19:05–20:06 |
| मंगल | 20:06–21:07 |
| सूर्य | 21:07–22:08 |
| शुक्र | 22:08–23:09 |
| बुध | 23:09–00:10 |
| चन्द्र | 00:10–01:11 |
| शनि | 01:11–02:12 |
| गुरु | 02:12–03:13 |
| मंगल | 03:13–04:14 |
| सूर्य | 04:14–05:15 |
| शुक्र | 05:15–06:16 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- श्रवण 2 पद07:35 तक
- श्रवण 3 पद13:18 तक
- श्रवण 4 पद18:58 तक
- धनिष्ठा 1 पद00:36, 5 अक्टू॰ तक
- धनिष्ठा 2 पद06:11, 5 अक्टू॰ तक
- धनिष्ठा 3 पद11:44, 5 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 48m
- रात्रिमान
- 12h 12m
- मध्याह्न
- 12:10
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- दक्षिण · 06:11, 5 अक्टू॰ तकपश्चिम
- अग्निवास
- पाताल · 07:55 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:47, 5 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 07:55 तकक्रीड़ा में · 05:47, 5 अक्टू॰ तककैलाश पर
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:16 –07:19
- चोर पंचक07:19 –07:55
- शुभ मुहूर्त07:55 –09:39
- रोग पंचक09:39 –11:57
- शुभ मुहूर्त11:57 –14:01
- मृत्यु पंचक14:01 –15:43
- अग्नि पंचक15:43 –17:11
- शुभ मुहूर्त17:11 –18:36
- मृत्यु पंचक18:36 –18:58
- अग्नि पंचक18:58 –20:11
- शुभ मुहूर्त20:11 –22:07
- राज पंचक22:07 –00:22, 5 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त00:22 –02:42, 5 अक्टू॰
- चोर पंचक02:42 –04:59, 5 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:59 –05:47, 5 अक्टू॰
- रोग पंचक05:47 –06:16, 5 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या05:03 –07:19
- तुला07:19 –09:39
- वृश्चिक09:39 –11:57
- धनु11:57 –14:01
- मकर14:01 –15:43
- कुम्भ15:43 –17:11
- मीन17:11 –18:36
- मेष18:36 –20:11
- वृषभ20:11 –22:07
- मिथुन22:07 –00:22, 5 अक्टू॰
- कर्क00:22 –02:42, 5 अक्टू॰
- सिंह02:42 –04:59, 5 अक्टू॰
- कन्या04:59 –07:15, 5 अक्टू॰
पंचांग · नई दिल्ली, 4 अक्टूबर 2033
मंगलवार, 4 अक्टूबर 2033 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:16 और सूर्यास्त 18:04 पर है। तिथि शुक्ल दशमी 07:55 तक, फिर शुक्ल एकादशी; नक्षत्र श्रवण 18:58 तक, फिर धनिष्ठा; योग सुकर्मा 07:18 तक, फिर धृति; करण गर 07:55 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मकर राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 15:07–16:35, अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2090, शक संवत 1955।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2033 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल दशमी 07:55 तक, फिर शुक्ल एकादशी (सूर्योदय 06:16, नई दिल्ली)।
4 अक्टूबर 2033 को कौन सा नक्षत्र है?
श्रवण 18:58 तक, फिर धनिष्ठा। चंद्रमा मकर राशि में 5 अक्टूबर 06:11 तक।
नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2033 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:07–16:35, यमगण्ड 09:13–10:41, गुलिक काल 12:10–13:38।
नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2033 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:16, सूर्यास्त 18:04, चंद्रोदय 15:00 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अक्टूबर 2033 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33, ब्रह्म मुहूर्त 04:38–05:27। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 अक्टूबर 2033 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
पापांकुशा एकादशी।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2033आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2033मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3287° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
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