राहुकाल · नई दिल्ली

बुधवार, 2 जनवरी 203607:1417:36

राहु काल

1 घं. 18 मि.
12:25 –13:43

दिन का राहु भाग: नया कार्य आरंभ न करें।

यमगंड

1 घं. 17 मि.
08:32 –09:49

दिन का यम भाग: यात्रा और नए आरंभ से बचें।

गुलिक काल

1 घं. 18 मि.
11:07 –12:25

दिन का गुलिक भाग: शुभ आरंभ से बचें।

दिनमान के आठ भाग

राहुकाल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवाँ भाग हैं, जो हर वार के लिए निश्चित खंड में आते हैं।

1
07:14
—
2
08:32
यमगंड
3
09:49
—
4
11:07
गुलिक काल
5
12:25
राहु काल
6
13:43
—
7
15:00
—
8
16:18
—

आज इनसे भी बचें

  • दुर्मुहूर्तवार का दुर्मुहूर्त: शुभ कार्य से बचें।12:04 –12:46
  • वर्ज्यनक्षत्र का विष भाग: महत्वपूर्ण कार्य से बचें।09:44 –11:31
  • भद्राविष्टि करण: शुभ संस्कार न करें।17:17 –06:30, 3 जन॰

नई दिल्ली के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

राहुकाल

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

राहुकाल — प्रश्न और उत्तर

राहुकाल क्या है?

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

नई दिल्ली में 2 जनवरी 2036 का राहुकाल क्या है?

राहुकाल 12:25–13:43, यमगण्ड 08:32–09:49, गुलिक काल 11:07–12:25; साथ में दुर्मुहूर्त और वर्ज्य।

राहुकाल — अन्य शहर