राहुकाल · शिकागो

शुक्रवार, 4 अप्रैल 202506:2819:20

राहु काल

1 घं. 37 मि.
11:17 –12:54

दिन का राहु भाग: नया कार्य आरंभ न करें।

यमगंड

1 घं. 36 मि.
16:07 –17:43

दिन का यम भाग: यात्रा और नए आरंभ से बचें।

गुलिक काल

1 घं. 37 मि.
08:04 –09:41

दिन का गुलिक भाग: शुभ आरंभ से बचें।

दिनमान के आठ भाग

राहुकाल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवाँ भाग हैं, जो हर वार के लिए निश्चित खंड में आते हैं।

1
06:28
—
2
08:04
गुलिक काल
3
09:41
—
4
11:17
राहु काल
5
12:54
—
6
14:30
—
7
16:07
यमगंड
8
17:43
—

आज इनसे भी बचें

  • दुर्मुहूर्तवार का दुर्मुहूर्त: शुभ कार्य से बचें।09:02 –09:54
  • दुर्मुहूर्तवार का दुर्मुहूर्त: शुभ कार्य से बचें।13:19 –14:11
  • भद्राविष्टि करण: शुभ संस्कार न करें।09:43 –21:14

शिकागो के समय (UTC−5:00)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

राहुकाल

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

राहुकाल — प्रश्न और उत्तर

राहुकाल क्या है?

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

शिकागो में 4 अप्रैल 2025 का राहुकाल क्या है?

राहुकाल 11:17–12:54, यमगण्ड 16:07–17:43, गुलिक काल 08:04–09:41; साथ में दुर्मुहूर्त और वर्ज्य।

राहुकाल — अन्य शहर