पंचक रहित मुहूर्त · हरिद्वार

मंगलवार, 1 सितंबर 202605:5418:40

पंचक रहित मुहूर्त: तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग नौ से भाग देने पर शेष बचता है। शेष 1 मृत्यु, 2 अग्नि, 4 राज, 6 चोर और 8 रोग पंचक है, जो वर्जित हैं; बाकी शुभ हैं।
  • मृत्यु पंचक05:54 –07:09
  • अग्नि पंचक07:09 –07:42
  • शुभ मुहूर्त07:42 –09:27
  • राज पंचक09:27 –11:48
  • शुभ मुहूर्त11:48 –14:07
  • चोर पंचक14:07 –16:11
  • शुभ मुहूर्त16:11 –17:52
  • रोग पंचक17:52 –19:18
  • शुभ मुहूर्त19:18 –22:16
  • रोग पंचक22:16 –00:10, 2 सित॰
  • शुभ मुहूर्त00:10, 2 सित॰ –02:25, 2 सित॰
  • मृत्यु पंचक02:25, 2 सित॰ –02:42, 2 सित॰
  • अग्नि पंचक02:42, 2 सित॰ –04:47, 2 सित॰
  • शुभ मुहूर्त04:47, 2 सित॰ –05:55, 2 सित॰

हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

पंचक रहित मुहूर्त

पंचक रहित मुहूर्त में तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग करके नौ से भाग दिया जाता है। शेष 1, 2, 4, 6 या 8 होने पर क्रमशः मृत्यु, अग्नि, राज, चोर या रोग पंचक बनता है, जो वर्जित है; अन्य शेष शुभ है। दक्षिण भारतीय पंचांग मुहूर्त को परिष्कृत करने के लिए इसका उपयोग करते हैं।

पंचक रहित मुहूर्त — प्रश्न और उत्तर

पंचक रहित मुहूर्त क्या है?

पंचक रहित मुहूर्त में तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग करके नौ से भाग दिया जाता है। शेष 1, 2, 4, 6 या 8 होने पर क्रमशः मृत्यु, अग्नि, राज, चोर या रोग पंचक बनता है, जो वर्जित है; अन्य शेष शुभ है। दक्षिण भारतीय पंचांग मुहूर्त को परिष्कृत करने के लिए इसका उपयोग करते हैं।

हरिद्वार में 1 सितंबर 2026 का पंचक रहित मुहूर्त क्या है?

सूर्योदय 05:54, सूर्यास्त 18:40।

पंचक रहित मुहूर्त — अन्य शहर