लग्न सारणी · विजयवाड़ा
शनिवार, 4 जनवरी 202506:3717:48
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 6 मि.05:16 –07:22
- 10मकरचर1 घं. 51 मि.07:22 –09:13
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 39 मि.09:13 –10:52
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 37 मि.10:52 –12:29
- 1मेषचर1 घं. 45 मि.12:29 –14:14
- 2वृषभस्थिर2 घं. 1 मि.14:14 –16:15
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 12 मि.16:15 –18:27
- 4कर्कचर2 घं. 12 मि.18:27 –20:39
- 5सिंहस्थिर2 घं. 6 मि.20:39 –22:45
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 4 मि.22:45 –00:49, 5 जन॰
- 7तुलाचर2 घं. 9 मि.00:49, 5 जन॰ –02:58, 5 जन॰
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 14 मि.02:58, 5 जन॰ –05:12, 5 जन॰
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 6 मि.05:12, 5 जन॰ –07:18, 5 जन॰
विजयवाड़ा के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
विजयवाड़ा में 4 जनवरी 2025 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:37 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।