लग्न सारणी · वाराणसी
शुक्रवार, 1 सितंबर 202805:3918:17
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.04:35 –06:49
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.06:49 –09:02
- 7तुलाचर2 घं. 17 मि.09:02 –11:19
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 17 मि.11:19 –13:36
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 4 मि.13:36 –15:40
- 10मकरचर1 घं. 45 मि.15:40 –17:25
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 31 मि.17:25 –18:56
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 28 मि.18:56 –20:24
- 1मेषचर1 घं. 39 मि.20:24 –22:03
- 2वृषभस्थिर1 घं. 57 मि.22:03 –00:00, 2 सित॰
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 14 मि.00:00, 2 सित॰ –02:14, 2 सित॰
- 4कर्कचर2 घं. 17 मि.02:14, 2 सित॰ –04:31, 2 सित॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.04:31, 2 सित॰ –06:45, 2 सित॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
वाराणसी में 1 सितंबर 2028 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 05:39 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।