लग्न सारणी · वाराणसी
रविवार, 15 अगस्त 202705:3118:34
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 4कर्कचर2 घं. 18 मि.03:27 –05:45
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.05:45 –07:59
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.07:59 –10:12
- 7तुलाचर2 घं. 16 मि.10:12 –12:28
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 17 मि.12:28 –14:45
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 5 मि.14:45 –16:50
- 10मकरचर1 घं. 45 मि.16:50 –18:35
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 31 मि.18:35 –20:06
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 28 मि.20:06 –21:34
- 1मेषचर1 घं. 38 मि.21:34 –23:12
- 2वृषभस्थिर1 घं. 58 मि.23:12 –01:10, 16 अग॰
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.01:10, 16 अग॰ –03:23, 16 अग॰
- 4कर्कचर2 घं. 18 मि.03:23, 16 अग॰ –05:41, 16 अग॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
वाराणसी में 15 अगस्त 2027 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 05:31 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।