लग्न सारणी · वाराणसी
सोमवार, 11 नवंबर 202406:1217:12
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 7तुलाचर2 घं. 16 मि.04:23 –06:39
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 17 मि.06:39 –08:56
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 5 मि.08:56 –11:01
- 10मकरचर1 घं. 45 मि.11:01 –12:46
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 31 मि.12:46 –14:17
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 28 मि.14:17 –15:45
- 1मेषचर1 घं. 38 मि.15:45 –17:23
- 2वृषभस्थिर1 घं. 58 मि.17:23 –19:21
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.19:21 –21:34
- 4कर्कचर2 घं. 18 मि.21:34 –23:52
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.23:52 –02:06, 12 नव॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.02:06, 12 नव॰ –04:19, 12 नव॰
- 7तुलाचर2 घं. 16 मि.04:19, 12 नव॰ –06:35, 12 नव॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
वाराणसी में 11 नवंबर 2024 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:12 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।