लग्न सारणी · हरिद्वार
गुरुवार, 4 नवंबर 202706:3317:28
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 7तुलाचर2 घं. 20 मि.05:17 –07:37
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 19 मि.07:37 –09:56
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 4 मि.09:56 –12:00
- 10मकरचर1 घं. 41 मि.12:00 –13:41
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 26 मि.13:41 –15:07
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 24 मि.15:07 –16:31
- 1मेषचर1 घं. 34 मि.16:31 –18:05
- 2वृषभस्थिर1 घं. 55 मि.18:05 –20:00
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.20:00 –22:15
- 4कर्कचर2 घं. 21 मि.22:15 –00:36, 5 नव॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 19 मि.00:36, 5 नव॰ –02:55, 5 नव॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 18 मि.02:55, 5 नव॰ –05:13, 5 नव॰
- 7तुलाचर2 घं. 20 मि.05:13, 5 नव॰ –07:33, 5 नव॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
हरिद्वार में 4 नवंबर 2027 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:33 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।