लग्न सारणी · चंडीगढ़
मंगलवार, 3 नवंबर 202606:3917:33
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 7तुलाचर2 घं. 21 मि.05:26 –07:47
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 20 मि.07:47 –10:07
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 3 मि.10:07 –12:10
- 10मकरचर1 घं. 41 मि.12:10 –13:51
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 25 मि.13:51 –15:16
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 23 मि.15:16 –16:39
- 1मेषचर1 घं. 33 मि.16:39 –18:12
- 2वृषभस्थिर1 घं. 54 मि.18:12 –20:06
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 16 मि.20:06 –22:22
- 4कर्कचर2 घं. 22 मि.22:22 –00:44, 4 नव॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 19 मि.00:44, 4 नव॰ –03:03, 4 नव॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 19 मि.03:03, 4 नव॰ –05:22, 4 नव॰
- 7तुलाचर2 घं. 21 मि.05:22, 4 नव॰ –07:43, 4 नव॰
चंडीगढ़ के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
चंडीगढ़ में 3 नवंबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:39 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।