गौरी पंचांगम · जयपुर
शुक्रवार, 18 अप्रैल 202506:0018:53
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:00
- सुगम्शुभ06:00 –07:37
- सोरम्अशुभ07:37 –09:13
- उथिशुभ09:13 –10:50
- विषम्अशुभ10:50 –12:26राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:26 –14:03
- रोगम्अनिष्ट14:03 –15:40
- लाभम्लाभ15:40 –17:16
- धनम्धन17:16 –18:53
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:53
- रोगम्अनिष्ट18:53 –20:16
- लाभम्लाभ20:16 –21:39
- धनम्धन21:39 –23:03
- सुगम्शुभ23:03 –00:26, 19 अप्रैल
- सोरम्अशुभ00:26, 19 अप्रैल –01:49, 19 अप्रैल
- उथिशुभ01:49, 19 अप्रैल –03:12, 19 अप्रैल
- विषम्अशुभ03:12, 19 अप्रैल –04:36, 19 अप्रैल
- अमिर्दाश्रेष्ठ04:36, 19 अप्रैल –05:59, 19 अप्रैल
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 18 अप्रैल 2025 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:00, सूर्यास्त 18:53।