चौघड़िया · श्रीनगर

गुरुवार, 1 जून 202805:2019:37

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

शुभ05:20 –07:07लाभ12:29 –14:16अमृत19:37 –20:50शुभ02:54, 2 जून –04:07, 2 जूनअमृत04:07, 2 जून –05:20, 2 जून
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 05:20
  • शुभशुभ05:20 –07:07
  • रोगअनिष्ट07:07 –08:55
  • उद्वेगअशुभ08:55 –10:42
  • चरसम10:42 –12:29
  • लाभलाभ12:29 –14:16
  • अमृतश्रेष्ठ14:16 –16:03राहुकाल
  • कालहानि16:03 –17:50काल वेला
  • शुभशुभ17:50 –19:37वार वेला
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 19:37
  • अमृतश्रेष्ठ19:37 –20:50
  • चरसम20:50 –22:03
  • रोगअनिष्ट22:03 –23:16
  • कालहानि23:16 –00:29, 2 जून
  • लाभलाभ00:29, 2 जून –01:42, 2 जूनकाल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ01:42, 2 जून –02:54, 2 जून
  • शुभशुभ02:54, 2 जून –04:07, 2 जून
  • अमृतश्रेष्ठ04:07, 2 जून –05:20, 2 जून
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

श्रीनगर में 1 जून 2028 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 05:20 से दिन के चौघड़िया: शुभ, रोग, उद्वेग, चर, लाभ, अमृत, काल, शुभ। शुभ: शुभ 05:20–07:07, लाभ 12:29–14:16, अमृत 14:16–16:03। राहुकाल 14:16–16:03।

चौघड़िया — अन्य शहर