चौघड़िया · राँची

शुक्रवार, 3 मार्च 202806:0917:53

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

लाभ07:37 –09:05शुभ12:01 –13:29शुभ00:00, 4 मार्च –01:32, 4 मार्चअमृत01:32, 4 मार्च –03:04, 4 मार्च
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 06:09
  • चरसम06:09 –07:37
  • लाभलाभ07:37 –09:05
  • अमृतश्रेष्ठ09:05 –10:33वार वेला
  • कालहानि10:33 –12:01काल वेलाराहुकाल
  • शुभशुभ12:01 –13:29
  • रोगअनिष्ट13:29 –14:57
  • उद्वेगअशुभ14:57 –16:25
  • चरसम16:25 –17:53
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 17:53
  • रोगअनिष्ट17:53 –19:25
  • कालहानि19:25 –20:57
  • लाभलाभ20:57 –22:28काल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ22:28 –00:00, 4 मार्च
  • शुभशुभ00:00, 4 मार्च –01:32, 4 मार्च
  • अमृतश्रेष्ठ01:32, 4 मार्च –03:04, 4 मार्च
  • चरसम03:04, 4 मार्च –04:36, 4 मार्च
  • रोगअनिष्ट04:36, 4 मार्च –06:08, 4 मार्च
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

राँची के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

राँची में 3 मार्च 2028 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 06:09 से दिन के चौघड़िया: चर, लाभ, अमृत, काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चर। शुभ: लाभ 07:37–09:05, शुभ 12:01–13:29। राहुकाल 10:33–12:01।

चौघड़िया — अन्य शहर