चौघड़िया · जयपुर

शुक्रवार, 20 दिसंबर 202407:1117:38

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

लाभ08:29 –09:48शुभ12:25 –13:43शुभ00:25, 21 दिस॰ –02:06, 21 दिस॰अमृत02:06, 21 दिस॰ –03:48, 21 दिस॰
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 07:11
  • चरसम07:11 –08:29
  • लाभलाभ08:29 –09:48
  • अमृतश्रेष्ठ09:48 –11:06वार वेला
  • कालहानि11:06 –12:25काल वेलाराहुकाल
  • शुभशुभ12:25 –13:43
  • रोगअनिष्ट13:43 –15:01
  • उद्वेगअशुभ15:01 –16:20
  • चरसम16:20 –17:38
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 17:38
  • रोगअनिष्ट17:38 –19:20
  • कालहानि19:20 –21:01
  • लाभलाभ21:01 –22:43काल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ22:43 –00:25, 21 दिस॰
  • शुभशुभ00:25, 21 दिस॰ –02:06, 21 दिस॰
  • अमृतश्रेष्ठ02:06, 21 दिस॰ –03:48, 21 दिस॰
  • चरसम03:48, 21 दिस॰ –05:30, 21 दिस॰
  • रोगअनिष्ट05:30, 21 दिस॰ –07:12, 21 दिस॰
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

जयपुर में 20 दिसंबर 2024 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 07:11 से दिन के चौघड़िया: चर, लाभ, अमृत, काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चर। शुभ: लाभ 08:29–09:48, शुभ 12:25–13:43। राहुकाल 11:06–12:25।

चौघड़िया — अन्य शहर