पंचांग · बुधवार, 11 मार्च 2026कोच्चि

फाल्गुन · कृष्ण अष्टमी · विक्रम संवत 2082शीतला अष्टमी (बसोड़ा)

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:34सूर्योदय18:36सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण अष्टमी
कृष्ण · 04:19, 12 मार्च तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा
22:00 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:3418:36
बुधवार · बुध
राहु काल
12:35 –14:05
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:34दिन18:36
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत काल
विजय मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
गंड मूल
यमगंड
गुलिक काल
दुर्मुहूर्त
राहु काल
09:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:36रात06:34
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
गंड मूल
गंड मूल
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण अष्टमी
    04:19, 12 मार्च तक
  2. कृष्ण नवमी
    06:29, 13 मार्च तक
नक्षत्र
  1. ज्येष्ठास्वामी बुध
    22:00 तक
  2. मूलस्वामी केतु
    00:43, 13 मार्च तक
योग
  1. वज्र
    09:11 तक
  2. सिद्धि
    09:58, 12 मार्च तक
करण
  1. बालव
    15:08 तक
  2. कौलव
    04:19, 12 मार्च तक
  3. तैतिल
    17:27, 12 मार्च तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:34
बिंब मध्य 06:37
सूर्यास्त
18:36
बिंब मध्य 18:32
चंद्रोदय
00:17
चंद्रास्त
11:58
दिनमान
12h 2m
वार
बुधवार · बुध
चंद्र राशि
वृश्चिक
22:00 तक
सूर्य राशि
कुम्भ

चांद्र पंचांग

अमांत मास
फाल्गुन
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
शिशिर
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:58 –05:46
  • प्रातः संध्या05:22 –06:34
  • अभिजित मुहूर्त12:11 –12:59
  • विजय मुहूर्त14:35 –15:23
  • गोधूलि मुहूर्त18:36 –19:00
  • सायाह्न संध्या18:36 –19:48
  • निशीथ मुहूर्त00:11 –00:59, 12 मार्च
  • अमृत काल12:08 –13:55
इन समयों से बचें
  • राहु काल12:35 –14:05
  • यमगंड08:04 –09:35
  • गुलिक काल11:05 –12:35
  • दुर्मुहूर्त12:11 –12:59
  • गंड मूल06:34 –22:00
  • गंड मूल22:00 –06:34, 12 मार्च

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • लाभ06:34 – 08:04
  • अमृत08:04 – 09:35
  • काल09:35 – 11:05
  • शुभ11:05 – 12:35
  • रोग12:35 – 14:05
  • उद्वेग14:05 – 15:35
  • चर15:35 – 17:06
  • लाभ17:06 – 18:36
रात
  • उद्वेग18:36 – 20:06
  • शुभ20:06 – 21:35
  • अमृत21:35 – 23:05
  • चर23:05 – 00:35
  • रोग00:35 – 02:04
  • काल02:04 – 03:34
  • लाभ03:34 – 05:04
  • उद्वेग05:04 – 06:34

होरा

दिन
  • बुध06:34–07:34
  • चन्द्र07:34–08:35
  • शनि08:35–09:35
  • गुरु09:35–10:35
  • मंगल10:35–11:35
  • सूर्य11:35–12:35
  • शुक्र12:35–13:35
  • बुध13:35–14:35
  • चन्द्र14:35–15:35
  • शनि15:35–16:36
  • गुरु16:36–17:36
  • मंगल17:36–18:36
रात
  • सूर्य18:36–19:36
  • शुक्र19:36–20:35
  • बुध20:35–21:35
  • चन्द्र21:35–22:35
  • शनि22:35–23:35
  • गुरु23:35–00:35
  • मंगल00:35–01:35
  • सूर्य01:35–02:34
  • शुक्र02:34–03:34
  • बुध03:34–04:34
  • चन्द्र04:34–05:34
  • शनि05:34–06:34

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • ज्येष्ठा 2 पद08:33 तक
  • ज्येष्ठा 3 पद15:17 तक
  • ज्येष्ठा 4 पद22:00 तक
  • मूल 1 पद04:42, 12 मार्च तक
  • मूल 2 पद11:24, 12 मार्च तक
सूर्य नक्षत्र
पूर्वभाद्रपद 2 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
शिशिर
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 2m
रात्रिमान
11h 58m
मध्याह्न
12:35

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
वृश्चिक · 22:00 तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
धनु · अगले सूर्योदय तक
मिथुनकर्कतुलाधनुकुम्भमीन
वृषभ राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
ज्येष्ठा · 22:00 तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
मूल · अगले सूर्योदय तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
चंद्र वास
उत्तर · 22:00 तकपूर्व
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 04:19, 12 मार्च तकआकाश
शिववास
गौरी के साथ · 04:19, 12 मार्च तकसभा में
होमाहुति
गुरु

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक06:34 –06:50
  • शुभ मुहूर्त06:50 –08:32
  • मृत्यु पंचक08:32 –10:23
  • अग्नि पंचक10:23 –12:26
  • शुभ मुहूर्त12:26 –14:37
  • राज पंचक14:37 –16:44
  • शुभ मुहूर्त16:44 –18:45
  • चोर पंचक18:45 –20:44
  • शुभ मुहूर्त20:44 –22:00
  • रोग पंचक22:00 –22:48
  • शुभ मुहूर्त22:48 –00:59, 12 मार्च
  • मृत्यु पंचक00:59 –03:06, 12 मार्च
  • अग्नि पंचक03:06 –04:19, 12 मार्च
  • शुभ मुहूर्त04:19 –05:02, 12 मार्च
  • राज पंचक05:02 –06:34, 12 मार्च

उदय लग्न

  • कुम्भ05:06 –06:50
  • मीन06:50 –08:32
  • मेष08:32 –10:23
  • वृषभ10:23 –12:26
  • मिथुन12:26 –14:37
  • कर्क14:37 –16:44
  • सिंह16:44 –18:45
  • कन्या18:45 –20:44
  • तुला20:44 –22:48
  • वृश्चिक22:48 –00:59, 12 मार्च
  • धनु00:59 –03:06, 12 मार्च
  • मकर03:06 –05:02, 12 मार्च
  • कुम्भ05:02 –06:46, 12 मार्च

पंचांग · कोच्चि, 11 मार्च 2026

बुधवार, 11 मार्च 2026 को कोच्चि में सूर्योदय 06:34 और सूर्यास्त 18:36 पर है। तिथि कृष्ण अष्टमी 12 मार्च 04:19 तक, फिर कृष्ण नवमी; नक्षत्र ज्येष्ठा 22:00 तक, फिर मूल; योग वज्र 09:11 तक, फिर सिद्धि; करण बालव 15:08 तक, फिर कौलव। चंद्रमा वृश्चिक राशि में, सूर्य कुम्भ राशि में। राहुकाल 12:35–14:05, अभिजित मुहूर्त 12:11–12:59। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2082, शक संवत 1947।

इस दिन के बारे में प्रश्न

कोच्चि में 11 मार्च 2026 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण अष्टमी 12 मार्च 04:19 तक, फिर कृष्ण नवमी (सूर्योदय 06:34, कोच्चि)।

11 मार्च 2026 को कौन सा नक्षत्र है?

ज्येष्ठा 22:00 तक, फिर मूल। चंद्रमा वृश्चिक राशि में 22:00 तक।

कोच्चि में 11 मार्च 2026 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 12:35–14:05, यमगण्ड 08:04–09:35, गुलिक काल 11:05–12:35।

कोच्चि में 11 मार्च 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:34, सूर्यास्त 18:36, चंद्रोदय 00:17 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

11 मार्च 2026 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:11–12:59, ब्रह्म मुहूर्त 04:58–05:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

11 मार्च 2026 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

शीतला अष्टमी (बसोड़ा)।

कोच्चि हिन्दू कैलेंडर मार्च 2026आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2026मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2229° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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