पंचांग · बुधवार, 2 अप्रैल 2025जयपुर

चैत्र · शुक्ल पंचमी · विक्रम संवत 2082

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:17सूर्योदय18:45सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल पंचमी
शुक्ल · 23:50 तक
नक्षत्र
कृत्तिका
08:49 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1718:45
बुधवार · बुध
राहु काल
12:31 –14:04
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:17दिन18:45
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
दुर्मुहूर्त
राहु काल
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:45रात06:16
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल पंचमी
    23:50 तक
  2. शुक्ल षष्ठी
    21:41, 3 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. कृत्तिकास्वामी सूर्य
    08:49 तक
  2. रोहिणीस्वामी चन्द्र
    07:02, 3 अप्रैल तक
योग
  1. आयुष्मान्
    02:49, 3 अप्रैल तक
  2. सौभाग्य
    00:01, 4 अप्रैल तक
करण
  1. बव
    13:07 तक
  2. बालव
    23:50 तक
  3. कौलव
    10:41, 3 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:17
बिंब मध्य 06:20
सूर्यास्त
18:45
बिंब मध्य 18:40
चंद्रोदय
08:52
चंद्रास्त
23:25
दिनमान
12h 28m
वार
बुधवार · बुध
चंद्र राशि
वृषभ
18:21, 3 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:44 –05:30
  • प्रातः संध्या05:07 –06:17
  • अभिजित मुहूर्त12:06 –12:56
  • विजय मुहूर्त14:35 –15:25
  • गोधूलि मुहूर्त18:45 –19:08
  • सायाह्न संध्या18:45 –19:54
  • निशीथ मुहूर्त00:07 –00:53, 3 अप्रैल
  • अमृत काल06:39 –08:06
  • अमृत काल04:04 –05:33, 3 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल12:31 –14:04
  • यमगंड07:50 –09:24
  • गुलिक काल10:57 –12:31
  • दुर्मुहूर्त12:06 –12:56
  • वर्ज्य23:38 –01:07, 3 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • लाभ06:17 – 07:50
  • अमृत07:50 – 09:24
  • काल09:24 – 10:57
  • शुभ10:57 – 12:31
  • रोग12:31 – 14:04
  • उद्वेग14:04 – 15:38
  • चर15:38 – 17:11
  • लाभ17:11 – 18:45
रात
  • उद्वेग18:45 – 20:11
  • शुभ20:11 – 21:37
  • अमृत21:37 – 23:04
  • चर23:04 – 00:30
  • रोग00:30 – 01:56
  • काल01:56 – 03:23
  • लाभ03:23 – 04:49
  • उद्वेग04:49 – 06:16

होरा

दिन
  • बुध06:17–07:19
  • चन्द्र07:19–08:21
  • शनि08:21–09:24
  • गुरु09:24–10:26
  • मंगल10:26–11:28
  • सूर्य11:28–12:31
  • शुक्र12:31–13:33
  • बुध13:33–14:35
  • चन्द्र14:35–15:38
  • शनि15:38–16:40
  • गुरु16:40–17:42
  • मंगल17:42–18:45
रात
  • सूर्य18:45–19:42
  • शुक्र19:42–20:40
  • बुध20:40–21:37
  • चन्द्र21:37–22:35
  • शनि22:35–23:32
  • गुरु23:32–00:30
  • मंगल00:30–01:28
  • सूर्य01:28–02:25
  • शुक्र02:25–03:23
  • बुध03:23–04:20
  • चन्द्र04:20–05:18
  • शनि05:18–06:16

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • कृत्तिका 4 पद08:49 तक
  • रोहिणी 1 पद14:19 तक
  • रोहिणी 2 पद19:51 तक
  • रोहिणी 3 पद01:26, 3 अप्रैल तक
  • रोहिणी 4 पद07:02, 3 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 28m
रात्रिमान
11h 31m
मध्याह्न
12:31

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
वृषभ · अगले सूर्योदय तक
वृषभकर्कसिंहवृश्चिकधनुमीन
तुला राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
कृत्तिका · 08:49 तक
भरणीरोहिणीमृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती
रोहिणी · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिराआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्रास्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठाशतभिषाउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
चंद्र वास
दक्षिण
अग्निवास
पाताल · 23:50 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
कैलाश पर · 23:50 तकनंदी पर
होमाहुति
बुध

पंचक रहित मुहूर्त

  • चोर पंचक06:17 –06:54
  • राज पंचक06:54 –08:31
  • शुभ मुहूर्त08:31 –08:49
  • चोर पंचक08:49 –10:27
  • शुभ मुहूर्त10:27 –12:42
  • रोग पंचक12:42 –15:01
  • शुभ मुहूर्त15:01 –17:16
  • मृत्यु पंचक17:16 –19:31
  • अग्नि पंचक19:31 –21:49
  • शुभ मुहूर्त21:49 –23:50
  • राज पंचक23:50 –00:06, 3 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त00:06 –02:11, 3 अप्रैल
  • चोर पंचक02:11 –03:54, 3 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त03:54 –05:23, 3 अप्रैल
  • रोग पंचक05:23 –06:16, 3 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:27 –06:54
  • मेष06:54 –08:31
  • वृषभ08:31 –10:27
  • मिथुन10:27 –12:42
  • कर्क12:42 –15:01
  • सिंह15:01 –17:16
  • कन्या17:16 –19:31
  • तुला19:31 –21:49
  • वृश्चिक21:49 –00:06, 3 अप्रैल
  • धनु00:06 –02:11, 3 अप्रैल
  • मकर02:11 –03:54, 3 अप्रैल
  • कुम्भ03:54 –05:23, 3 अप्रैल
  • मीन05:23 –06:50, 3 अप्रैल

पंचांग · जयपुर, 2 अप्रैल 2025

बुधवार, 2 अप्रैल 2025 को जयपुर में सूर्योदय 06:17 और सूर्यास्त 18:45 पर है। तिथि शुक्ल पंचमी 23:50 तक, फिर शुक्ल षष्ठी; नक्षत्र कृत्तिका 08:49 तक, फिर रोहिणी; योग आयुष्मान् 3 अप्रैल 02:49 तक, फिर सौभाग्य; करण बव 13:07 तक, फिर बालव। चंद्रमा वृषभ राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 12:31–14:04, अभिजित मुहूर्त 12:06–12:56। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2082, शक संवत 1947।

इस दिन के बारे में प्रश्न

जयपुर में 2 अप्रैल 2025 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल पंचमी 23:50 तक, फिर शुक्ल षष्ठी (सूर्योदय 06:17, जयपुर)।

2 अप्रैल 2025 को कौन सा नक्षत्र है?

कृत्तिका 08:49 तक, फिर रोहिणी। चंद्रमा वृषभ राशि में 3 अप्रैल 18:21 तक।

जयपुर में 2 अप्रैल 2025 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 12:31–14:04, यमगण्ड 07:50–09:24, गुलिक काल 10:57–12:31।

जयपुर में 2 अप्रैल 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:17, सूर्यास्त 18:45, चंद्रोदय 08:52 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

2 अप्रैल 2025 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:06–12:56, ब्रह्म मुहूर्त 04:44–05:30। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

जयपुर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2025आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2025मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2098° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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